रायगढ़ / जिले के तमनार विकासखंड अंतर्गत ग्राम करमागढ़ निवासी आलोक कुमार शर्मा ने एक बार फिर अपनी प्रतिभा का परिचय देते हुए छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय द्वारा आयोजित ज्यूडिशियल असिस्टेंट भर्ती परीक्षा में प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। आलोक के पिता का नाम परमानंद शर्मा है। उनकी इस उपलब्धि से पूरे क्षेत्र में हर्ष का वातावरण है।

आलोक कुमार शर्मा इससे पूर्व भी व्यापम द्वारा आयोजित संयुक्त भर्ती परीक्षा में प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त कर चुके हैं। इसके अतिरिक्त इसी वर्ष अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) द्वारा आयोजित कॉमन रिक्रूटमेंट एग्जामिनेशन (CRE) में देशभर में द्वितीय स्थान प्राप्त कर उन्होंने राष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी प्रतिभा का परिचय दिया था।
मूलतः ग्राम करमागढ़, तमनार, जिला रायगढ़ के निवासी आलोक कुमार शर्मा वर्तमान में पंचायत संचालनालय में अपनी सेवाएँ प्रदान कर रहे हैं। उल्लेखनीय है कि वे अब तक विभिन्न विभागों एवं संस्थानों द्वारा आयोजित 8 से 10 प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता प्राप्त कर चुके हैं। इनमें से अधिकांश परीक्षाओं में उनका स्थान शीर्ष 10 अभ्यर्थियों में रहा है, जो उनकी निरंतर मेहनत, अनुशासन और उत्कृष्ट शैक्षणिक क्षमता को दर्शाता है।
ग्रामीण परिवेश से निकलकर लगातार राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षाओं में उल्लेखनीय सफलता प्राप्त करने वाले आलोक कुमार शर्मा आज क्षेत्र के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बनकर उभरे हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने यह सिद्ध किया है कि दृढ़ संकल्प, सतत अध्ययन और मेहनत के बल पर किसी भी लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है।
आलोक कुमार शर्मा की इस उपलब्धि पर परिवारजनों, शुभचिंतकों एवं क्षेत्रवासियों ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई एवं उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएँ दी हैं।


