जशपुर कांग्रेस संगठन चुनाव में सहज उपलब्ध रहने वाले चेहरे को मिल सकती है प्राथमिकता

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जशपुरनगर. (रमेश शर्मा)

वर्ष 2023 में प्रदेश में विधानसभा चुनाव प्रस्तावित है।इस बात के मद्देनजर कांग्रेस संगठन के आला पदाधिकारियों और जशपुर जिले के दिग्गज कांग्रेसी नेताओं की कोशिश भी यही है कि चुनावी वर्ष में संगठन चुनाव के बहाने किसी तरह की गुटबाजी ना पनपे और कार्यकर्ताओं से लेकर पदाधिकारियों के बीच मतभेद ना उभरे।

दरअसल, जशपुर जिले की तीनों विधानसभा सीटों पर कांग्रेस का कब्जा बना रहने के लिए पार्टि संगठन के जिला प्रमुख का निर्विवाद चेहरा की अहम भूमिका साबित होगी.

कांग्रेस के जिला प्रभारी और चुनाव अधिकारी लगातार बैठकें कर रहे हैं। इसके साथ जशपुर के दिग्गज पदाधिकारियों से सीधी चर्चा कर रहे हैं।

हर एक पदाधिकारी से उनके मन की बात जानने की कोशिश की जा रही हैं। दिग्गजों को अपनी बात खुलकर रखने जोर भी दिया जा रहा है। इसका असर भी दिखाई दे रहा है। दिग्गज कांग्रेसी नेता अपनी बात खुलकर सामने रख रहे हैं। जिला व ब्लाक में कैसे पदाधिकारी चाहिए या यूं कहें कि किस तरह के तेवर वाले पदाधिकारी की जरूरत है, वे सहजता के साथ बता रहे हैं। इस बार कांग्रेस के संगठन चुनाव में भितरघात और खुलाघात करने वालों को संगठन के महत्वपूर्ण पदों से बाहर रखने का दबाव भी अभी से बनने लगा है।

सामाजिक प्रमुख, प्रभावशाली विधायकों से सिफारिश वाले नेताओं को चुनावी वर्ष में कांग्रेस पार्टी अब झेलने के मूड में कतई नहीं है।

जशपुर जिला कांग्रेस अध्यक्ष के चयन को लेकर दिग्गजों ने अभी से ही लक्ष्मण रेखा खींच दी है। इनका कहना है कि शहरी और ग्रामीण कार्यकर्ताओं मे लोकप्रियता के साथ हर समय सहज उपलब्ध रहने वाले चेहरे को ही सर्वोच प्राथमिकता दी जाऐ.

शहरी और गांव में रहने वाले कार्यकर्ताओं को ग्रामीण कार्यकर्ताओं को कांग्रेस कमेटी में पर्याप्त तव्वजो मिले। जशपुर जिले के बागबहार मे ब्लॉक अध्यक्ष कि चुनाव में कांग्रेस ने जिस फार्मूला को प्राथमिकता दी है ऐसा ही निर्णय जिला कांग्रेस अध्यक्ष के लिए भी दोहराया जा सकता है.

कुनकुरी विधायक एवं संसदीय सचिव यूडी मिंज का कहना था कि कांग्रेस संगठन के चुनाव में उनकी किसी भी तरह से दखल नहीं है लेकिन इस युवा नेता से अनेक गंभीर मसलों पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल भी बेबाक राय अवश्य लेते हैं. इस बात को देखा जाता है तो कांग्रेस संगठन की जिम्मेदारी सहज रूप से कार्यकर्ताओं में लोकप्रिय चेहरे को मिल सकती है.

यूडी मिंज का कहना था कि अपनी पृष्ठभूमि में कार्यकर्ता अच्छे मन से काम करने में रूचि लेते हैं।ऐसे चेहरे के पक्ष में चुनाव अधिकारियों की रायशुमारी का असर भी दिखाई देने लगा है।जशपुर जिले में सभी दिग्गज कांग्रेसी एक सुर में रायशुमारी पर जोर दे रहे हैं।
इस बार जशपुर जिले में जिला कांग्रेस अध्यक्ष पद की दौड़ में महेंद्र अग्रवाल, गजेंद्र जैन, मुरारीलाल अग्रवाल, रवि शर्मा, प्रमोद गुप्ता और कुलविंदर सिंह के नाम सामने आए हैं. लेकिन जिला कांग्रेस के मौजूदा अध्यक्ष मनोज सागर यादव अपने कार्यकाल में सहज और सरल ढंग से हर वर्ग को साथ लेकर चले हैं. इन बातों को देखने से विधानसभा चुनाव का वर्ष में रद्दोबदल का निर्णय रोक दिया जाता है तो आश्चर्य नहीं हो सकता है.

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