रायगढ़।विश्व टीबी दिवस के अवसर पर मंगलवार 24 मार्च को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लिबरा में जिंदल फाउंडेशन जेपीएल तमनार द्वारा कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में तमनार ब्लाॅक के टीबी के चिह्नांकित मरीजों को जेपीएल तमनार द्वारा पौष्टिक फूड बास्केट दिया गया।

जिंदल फाउंडेशन जेपीएल तमनार शिक्षा स्वास्थ्य के साथ साथ सम्पूर्ण ग्रामीण विकास हेतु सीएसआर अंतर्गत कार्य कर रहा हैए टीबी मुक्त भारत अभियान में सहभागी रहे है तथा विगत तीन वर्षों में तमनार व घरघोड़ा ब्लॉक के समस्त टीबी मरीजो को फ़ूड बास्केट प्रदान कर रहे हैंए जिसके लिए ज़िला व राज्य स्तर पर सम्मानित किए गए है ।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पीएचसी लिबरा के प्रभारी मेडिकल आॅफिसर डाॅ राजेश पटेल ने लोगों को टीबी से बचाव के उपाय बताए। उन्होंने कहा कि टीबी एक संक्रामक बीमारी है, यह खांसने, छिंकने, टीबी के मरीज द्वारा उपयोग किए जा रहे सामान का दूसरे व्यक्तियों द्वारा उपयोग करने पर फेलने वाली बीमारी है। उन्होंनेे कहा कि किसी भी व्यक्ति को टीबी हो जाए तो घर के दूसरे सदस्यों को यह बीमारी न फैले इसके लिए जरूरी एहतियात घर के सभी सदस्यों को बरतनी चाहिए। डाॅ पटेल ने कहा कि टीबी के मरीज के लिए दवा के साथ ही पौष्टिक भोजन भी जरूरी है, इसीलिए टीबी के मरीजों को पौष्टिक फूड बास्केट दिया जाता है। जेपीएल सीएसआर के एवीपी ऋषिकेश शर्मा ने अपने संदेश में कहा कि जिंदल फाउंडेशन हमेशा से टीबी के मरीजों के उपचार के लिए पौष्टिक आहार का वितरण करता रहा है, आगे भी इसके लिए काम किया जाएगा। सहायक महाप्रबंधक सीएसआर जेपीएल तमनार राजेश रावत ने बताया कि घरघोड़ा और तमनार ब्लाॅक के चिह्नांकित 80 मरीजों को जेपीएल तमनार के जिंदल फाउंडेशन द्वारा प्रति माह पौष्टिक फूड बाॅस्केट स्वास्थ्य विभाग के नाॅर्म्स के अनुसार दिया जाता है। उन्होंने कहा कि जिंदल फाउंडेशन द्वारा घरघोड़ा और तमनार क्षे़त्र को टीबी मुक्त करने के लिए प्रयास किया जा रहा है। इस कार्यक्रम में डाॅ हेमेंद्र साहू, सीएसआरसे नीतू सारस्वत, अस्पताल की स्टाफ नर्स तरूणा सैनी, स्टाफ नर्स नीलिमा पटेल और कामिनी गुप्ता, सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे।









